तुमसे मोहब्बत निभानी है हमको
बोलो तुम्हारा इरादा है क्या?
जो रिश्ता अपना तुमसे बना है
कोई रिश्ता उससे भी ज्यादा है क्या?
सूरज तुम्हें देखा यह गगन भी
छूती तुम्हें धूप और यह पवन भी
लगता मुझे उनका छूना बुरा भी
होती है थोड़ी-थोड़ी जलन भी
सब मुझको कहते हैं कान्हा कन्हैया
तू मेरी प्यारी वो राधा है क्या?
फूलों की रंगत से लाली चुराकर
काली घटाओं का जुड़ा बनाकर
खंजर की तुमको जरूरत कहां है
हमें मार डालोगे नज़रे मिलाकर
जिसे प्यार करना सताना भी उसको
यह दस्तूर तेरा? यह कायदा है क्या?
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