ओम नमः शिवाय

*"परीक्षा"  संसार  की...*
*"प्रतीक्षा"  परमात्मा  की*
*और*
*"समीक्षा" अपनी करनी होती है...*

*हम*
*"परीक्षा"  परमात्मा की...*
*"प्रतीक्षा"  संसार सुख की.....*
*और*
*"समीक्षा" दूसरों की करते हैं..!*
Shayaripub.com 
                   🌷🌺हिन्दी शायरी दिल से🌺🌷 


 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

thought of the day

झुकी पलके हैं और होठों पर खामोशी है। आँखें बता रही हैं    अभी मोहब्बत नई-नई है।  अभी न आएगी नींद तुमको, अभी न हमको  चैन आएगा  बेचैनी बता रही...