Good morning

चिलखती धूप में झुलसे तो हम ने ये जाना

घने दरखतों की नरम छांव कैसी होती है
         Shayaripub.com 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Good morning

बहुत याद आए तुझ संग गुजारे हुए पल  जब तेरी गली से गुजरे थे हम कल                   अचला एस गुलेरिया                      Shayaripub.in ...