Good morning

यह तेरा शहर उदास इतना भी क्यों है?
जिसे देखे जमाने गुजर गए वह पास इतना भी क्यों है?
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pyar bhra safar

आज सफर में कुछ दो चार बातें होगी ,        कमबख्त मंजिल आते ही हम फिर नए मोड़ पे होंगे !!                 Shayaripub.in