सिर्फ तुम हो एक मेरे सुकून का लम्हा,!
*वरना शोर से भरा सारा जहाँ है।
क्या हो मेरे तुम?
पता नही
और ये पता तुम्हे भी कहां है |
SIRF TUM HO EK MERE SAKUN KA LAMHA
VARNA SHOR SE BHARA SARA JAHAN HAI
KYA HO MERE TUM PTA NAHI
AUR YE PATA TUMHE BHI KAHAN HAI.
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