Good morning,shayaripub.in

ये तलब , ये बेचैनियाँ
ये सारी की सारी रौनकें तुमसे  ही हैं ...

लोग कहते हैं इश्क जिसे मेरे हमदम 
 वो इश्क तुमसे  ही है।

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ये तलब , ये बेचैनियाँ ये सारी की सारी रौनकें तुमसे  ही हैं ... लोग कहते हैं इश्क जिसे मेरे हमदम   वो इश्क तुमसे  ही है।