सुप्रभात

वक़्त चलता देखा,
जिंदगी सिमटते देखी,

अपने बढ़ते देखे,
अपनापन घटते देखा
।shayaripub.com 
                             हिन्दी शायरी दिल से 

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Good night

जुबांनों के पीछे मत चलो, कोई तुम्हें ऐसी..! कहानी नहीं सुनायेगा जिसमें वो खुद गद्दार हो..!!shayaripub.in!!