good night

      तुम्हारे  शब्दों के बीच का मौन हूं मैं, 
       दोबारा मत पूछना कौन हूं मैं।

और कम याद आओगे...अगले बरस तुम
अब के कम याद आये हो पिछले बरस से।

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thought of the day

झुकी पलके हैं और होठों पर खामोशी है। आँखें बता रही हैं    अभी मोहब्बत नई-नई है।  अभी न आएगी नींद तुमको, अभी न हमको  चैन आएगा  बेचैनी बता रही...