good night

      तुम्हारे  शब्दों के बीच का मौन हूं मैं, 
       दोबारा मत पूछना कौन हूं मैं।

और कम याद आओगे...अगले बरस तुम
अब के कम याद आये हो पिछले बरस से।

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Good morning

इल्मो अदब के  सारे खजाने गुजर गए... क्या खूब थे वो लोग  पुराने गुजर गए,  बाकी है जमीं पे  फकत आदमी की भीड़,  इन्सां मरे हुए तो  ज़माने गुजर गए...