क्यूं ? हिन्दी कविता

यह तेरा शहर उदास इतना भी क्यों है ?
जिसे देखे  हुए जमाना गुजर गया
वह पास इतना भी क्यों है ?

रात भर सितारों से भरा रहता है जो!
दिन में यह खाली पड़ा
आकाश इतना भी क्यूँ है ?

तेरे इत्र से महकता रहता है घर मेरा
तेरे ना होने से भी तेरे होने का
एहसास इतना भी क्यों है?

उसकी बात करें या उससे बात करें
हर बात में कोई शख्स
खास इतना भी क्यों है? 
                   अचला एस गुलेरिया
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Good morning

मन बंजारा मन बंजारा यह बेचारा दर्द का मारा
          कड़ी धूप में निकल पड़ा है
        हाथ है खाली पर मन तो भरा है !!                  Shayaripub.com 

Good night

फायदा ही क्या है ???
मुझ पर भरोसा नहीं है तो
सुनो गलतफहमीओं को
कुछ और बड़ा हो जाने दो!
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Good night

कुछ ख़्वाब गोटे-से
चुनरी पे, अटके..
कुछ ख़्वाहिशें 
अधूरी-सी
आसमाँ पे टँगी..
मन पलाश वन-सा
दहकता रहा..
और, 
जीवन सपने-सा
बीत गया..!!
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Good morning

मुझसे दोस्त नहीं बदले जाते,
  लाख दूरी होने पर,
लोगों के भगवान बदल जाते हैं
एक मुराद ना पूरी होने 
        Kuldeep Vashishat
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Good morning

ना हारते हैं वक़्त से,
       ना जीतते हैं वक़्त से.....

 सफल  वही  होते हैं जो
       सीखते हैं वक़्त से.....!!
            GOOD morning 
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Good morning

उम्र को हराना है तो शौक़ ज़िंदा रखिये, 

घुटने चलें न चलें, मन उड़ता परिंदा रखिये..!

"बंधन रिश्तों का हो तो...
                   एक उम्र तक चलता है..!!
आप से हमारा सम्बन्ध तो....
                   अहसासो का हैं...!!
   
      ⚜️..ये तो ताउम्र चलेगा....Shayaripub.com 

Good morning

थामना चाहती हैं हथेलियांँ..
बादलों को इतनी ज़ोर से..
कि बरसे जब भी 
इसका एक भी टुकड़ा..
तो  मेरे इश्क़ का चर्चा उठे हर ओर से....!
   .   Shayaripub.com 

सुप्रभात

किसी के साथ बैठना बहुत आसान है ,परंतु खड़े रहना बहुत ही कठिन...…।।
                            सुप्रभात 

दिल शायराना

    बेवफा --
याद इक भुला अफ़साना आ गया 
अश्क पलकों पर मेरे फिर पुराना गया 

कोई आस है न कोई मेहरबान 
हाय अब कैसा ज़माना आ गया 

रूबरू उस के हुआ जब आईना 
हुस्न अपने आप ही शर्मा गया 
जान गया था वो मेरी शादा-दिली 
इस लिए बातों ही में बहला गया 

चर्चा था मेरा उसकी  हर महफिल में 
तभी  समाने आने से वो कतरा गया   
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Good morning



*बस अगले मोड़ पे सुकून होगा,,,,*

*चल ए जिंदगी थोड़ा और चले....*

*Good morning..
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Good morning,#shayaripub.in

मिलन, ख़्वाब, उल्फ़त या मुहब्बत से सजा मुझको मेरे किरदार को तासीर दे…आ गुनगुना मुझको            Shayaripub.in