Good morning

आपको मैंने निगाहों में बसा रखा है,

आईना छोड़िए,आईने में क्या रखा है_!!
#####################################                                                            ####

मेरे तुम्हारे बीच कुछ नहीं
सिर्फ एहसास , कुछ संवाद
कुछ आधी , अधूरी बातें
और कहने को कुछ नहीं
सिर्फ फिक्र, एक दूजे की
और कुछ नहीं..
न कभी तुमने कुछ कहा
न मैंने कुछ सुना..
फिर भी वो एहसास बिन कहे
सुन लेने का..महज कहने की बात है
एक दूजे के साथ लिए दूर होकर भी
इतने करीब होना.. मीठा सा एहसास
छू जाता है दिल को, यही बंधन मुझे
मुक्त नहीं करा  पाया तुझसे...🌹
            Shayaripub.in

emotional shayari, good morning

मैं दरगाह-ए-इश्क़ में हर रोज़ सजदा करता हूँ तेरा..

कि मुझे जन्नत-ए-दिल में अपनी, तू पनाह दे ज़रा....❤️
            Shayaripub.in

Good morning

प्रत्येक दिन ईश्वर का दिया हुआ आशीर्वाद है ।।

Prtyek din ishwar ka diya hua ashirwad hai
Every new day is a blessing  given by God
                 Shayaripub.com 

Good morning

चिलखती धूप में झुलसे तो हम ने ये जाना

घने दरखतों की नरम छांव कैसी होती है
         Shayaripub.com 

hare krishna

नफ़रत कमाना भी,
इस दुनिया में आसान नहीं है....

लोगो की आँखों में खटकने के लिए भी,
कुछ खूबियाँ तो होनी चाहिए ...!

कामयाबी"" के सफर
में "धूप" का बड़ा महत्व
होता हैं!

क्योंकि ""छांव"" मिलते ही
"कदम" रुकने लगते है।
       Shayaripub.com 


Good night

दरमियान अब कुछ भी ऐसा नहीं रहा,

जिससे लगे कि वो मेरा है।”
            Shayaripub.in

good morning

वहने नही देता आंसू औलाद के सामने,
पानी का सबसे मजबूत बांध पिता होता है ।।


जय श्री कृष्ण 
शब्दों की ताकत को
कम मत आंकिये...
क्योंकि 
छोटा सा *"हाँ"* और
 छोटा सा  " *ना* " 
पूरी जिंदगी बदल देता है।
          Shayaripub.com 


Good night

जो बरसों बिना सोये ही गुज़र गयीं,

वो रातें तुम पर क़र्ज़ हैं।
                  Shayaripub.com 

Good morning

ख्वाब तो वो है जिसका
      हकीकत में भी दीदार हो

कोई मिले तो इस कदर मिले.

जिसे मुझ से ही नही,
      मेरी रूह से भी प्यार हो
            Shayaripub.com 
हर कोई अधूरा है...

     किसी अपने के बिना... 
       Shayaripub.com 

nari purush hone lgi

🌹आर्यव्रत के आर्यों की अस्मिता खोने लगी
पुरुष प्रधान समाज में नारी पुरुष होने लगी🌹

धर्म का ध्वज थामना क्या जब घर में ही संस्कार नहीं
बराबरी की होड़ में किसी को किसी से प्यार नहीं
वात्सल्य समर्पण पवित्रता बेरंग हो रोने लगी
पुरुष प्रधान समाज में नारी पुरुष होने लगी🌹

बिंदिया चूड़ी बंधन तो शॉट्स में आजादी है
पढ़ी-लिखी औलाद कई नशों की आदी है
मां की लाडली लाडो कुल की लुटिया डुबोने लगी
आर्यव्रत के आर्यों की अस्मिता खोने लगी🌹

मां बाप से बच्चे देखो कितना आगे निकल गए
आंख कि शर्म को बिना पानी निगल गए
कुल परंपरा दामन में अपना ,मुंह छुपा रोने लगी
पुरुष प्रधान समाज में नारी पुरुष होने लगी🌹
                             लेखिका   अचलाएसगुलेरिया...  ............Shayaripub.in

सुप्रभात, good morning

खो" देते हैं,रिश्तों को
फिर...
"खोजा" करते हैं,
यही खेल हम!
 जिन्दगी भर "खेला" करते हैं.....
                Shayaripub.in

बच्चे के जन्मते ही 
एक भाषा भी जन्मती है
उसके भीतर
उसकी माँ के भीतर 
वो भाषा जो बच्चा बोल नहीं सकता
वो भाषा जो माँ समझ जाती है।
वो भाषा जिसमें वो रोता है
वो भाषा जिसमें वो हंसता है
वो भाषा जिसमें माँ बसती है
वो भाषा जिससे माँ की हस्ती है।
फिर एक दिन बच्चा 
वो भाषा तब भूल जाता है
जब माँ बोल नहीं पाती.
🌹GOOD DAY🌹
 shayaripub.com 

Good morning,#shayaripub.in

मिलन, ख़्वाब, उल्फ़त या मुहब्बत से सजा मुझको मेरे किरदार को तासीर दे…आ गुनगुना मुझको            Shayaripub.in